राहुल त्रिपाठी
अभी लोकसभा चुनाव की आचार संहिता लागू हुए कुछ ही घंटे बीते हैं, लेकिन निर्वाचन आयोग के अधिकारियों की सूचना जारी करने के दौरान ही क्षेत्र में करोड़ों रुपए के विकास कार्यों की स्वीकृति और काम चालू करने की होड मची हुई है। बीते वर्षों में बिठूर खेरेश्वर मार्ग जिसे क्षेत्रीय लोग मैनावती मार्ग से भी जानते हैं वह ओवरलोड मिट्टी खनन करने वाले डंपरों से पूरी तरह टूट गई थी। जिसको लेकर स्थानीय लोग सत्ताधारियों पर तरह-तरह के आरोप भी लगाते नहीं थक रहे है। सड़क खराब होने से हजारों लोगों को आवागमन में खासी दिक्कतें भी होती थी। अब इस सड़क की स्वीकृत सरकार द्वारा कर दी गई है करीब 43 करोड रुपए से 15 किलोमीटर लंबे मार्ग बनाया जाना है, लेकिन निर्माण काम शुरू होने से पहले ही स्थानीय जनप्रतिनिधियों में इसके लिए भारी भरकम बजट आवंटित करने का श्रेय लेने की हलचल है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार बिल्हौर विधानसभा के सबसे प्रमुख धार्मिक स्थल खेरेश्वर को जोड़ने वाली मुख्य मैनावती मार्ग की सड़क निर्माण की स्वीकृत भी आ गई है । इस सड़क के निर्माण के लिए क्षेत्रीय सांसद अशोक रावत और बिल्हौर विधायक मोहित उर्फ राहुल बच्चा सोनकर में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ही नहीं सार्वजनिक सभा में श्रेय लेने की रस्साकशी है।
वहीं अधिकारी बताते हैं कि दोनों ही जन प्रतिनिधियों के द्वारा स्थानीय समर्थकों ग्रामीणों की मांग पर खेरेश्वर बिठूर संपर्क मार्ग जिसे मैनावटी मार्ग भी कहते हैं उसके निर्माण के लिए पत्र लिखे गए और पैरवी भी की गई। मंत्री जतिन प्रसाद से भी उक्त दोनों लोगों ने समय-समय पर सड़क निर्माण के लिए पहल की। लेकिन चुनावी समर के बीच उक्त दोनों के समर्थक खुलकर श्रेय लेने के लिए वर्चस्व की लड़ाई से जूझ रहे हैं। इसी वर्चस्व की लड़ाई में बीते कई कार्यक्रमों में दोनों ने मंच भी शेयर नहीं किया है।
--------
मैं पूरे लोकसभा निर्वाचन के दौरान आपसे जुड़कर आपको सक्रिय रखूंगा। आप मार्गदर्शन करके कमेंट करके और मुझे फॉलो करके उत्साहवर्धन करते रहें।
नोटः- उक्त ब्लाग के विचार निजी हैं और इसका किसी राजनैतिक दल, व्यक्ति से कोई संबंध नहीं है, साथ ही इसमें सदैव बदलाव, सुझाव की गुंजाइश है। ब्लाग में आए तथ्य बातचीत और चर्चाओं पर आधारित है।
Call:-9305029350
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें